महिला और बुजुर्ग बंदियों की जमानत-रिहाई पर जोर, 26 अक्टूबर से स्कूलों में चलेगा सुरक्षित बचपन अभियान,

डीएलएसए की बैठक में पीडीजे अजय कुमार शर्मा ने दिए निर्देश, कानूनी संरक्षण में रह रहे बच्चों की सुरक्षा और सुविधाओं की होगी निगरानी

दस्तक 7मीडिया /दरभंगा

जेल में बंद विचाराधीन कैदियों को निःशुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध कराने और पात्र बंदियों की जमानत व रिहाई की प्रक्रिया तेज करने को लेकर गुरुवार को समाहरणालय में महत्वपूर्ण बैठक हुई। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डीएलएसए) के अध्यक्ष अजय कुमार शर्मा ने अंडर ट्रायल रिव्यू कमिटी के सदस्यों और संबंधित विभागों के अधिकारियों को इस दिशा में आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया।

बैठक में चयनित शमनीय मामलों के बंदियों, महिला बंदियों और 70 वर्ष से अधिक उम्र के बंदियों को प्राथमिकता के आधार पर निःशुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। पीडीजे ने निर्देश दिया कि पात्र बंदियों की स्थिति की समीक्षा कर नियमानुसार जमानत अथवा रिहाई के लिए संबंधित न्यायालय में आवेदन दाखिल कराया जाए। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कानूनी सहायता के अभाव में किसी पात्र बंदी को अनावश्यक रूप से जेल में नहीं रहना पड़े।

बच्चों के रहन-सहन और सुरक्षा पर विशेष निगरानी

बैठक में कानूनी संरक्षण में रह रहे बच्चों की स्थिति की भी समीक्षा की गई। उनके रहन-सहन, स्वास्थ्य, खानपान और सुरक्षा व्यवस्था सहित अन्य बुनियादी सुविधाओं पर चर्चा हुई। संबंधित समिति के सदस्यों को निर्देश दिया गया कि बच्चों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं पर विशेष निगरानी रखें और उनकी देखभाल में किसी तरह की लापरवाही नहीं हो।

26 से 31 अक्टूबर तक स्कूलों में सुरक्षित बचपन अभियान

राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (नालसा) के निर्देश पर दरभंगा जिले के विभिन्न विद्यालयों में 26 से 31 अक्टूबर तक सुरक्षित बचपन अभियान के प्रथम सत्र का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से बच्चों को उनकी सुरक्षा से जुड़े कानूनों, अधिकारों और संरक्षण की व्यवस्थाओं के प्रति जागरूक किया जाएगा। अभियान के प्रभावी संचालन को लेकर जिला शिक्षा पदाधिकारी को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक जगुनाथ रेड्डी जला रेड्डी, डीएलएसए की सचिव आरती कुमारी, एडीएम रोहित कुमार, सिविल सर्जन, वरीय उप समाहर्ता प्रियंका कुमारी, मंडल कारा अधीक्षक स्नेहलता और बेनीपुर उपकारा अधीक्षक वीरेंद्र कुमार राय सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।