बिरौल के साहों पंचायत में गहराया जल संकट,चार वर्षों से कई वार्डों के आबादी बूंद बूंद पानी को मोहताज।

दस्तक7मिडिया, उत्तम सेनगुप्ता, दरभंगा।

बिरौल प्रखंड अंतर्गत साहों पंचायत में पिछले लगभग कई वर्षों से हर घर नल जल योजना पूरी तरह से ठप पड़ी है, जिसमें 11- 12 वार्ड वाली करीब चार हजार की आबादी गंभीर पेयजल संकट का सामना कर रही है। चौंकाने वाली बात यह है कि इस समस्या से पंचायत की मुखिया प्रमिला यादव भी अछूती नहीं हैं और उन्हें भी पानी के लिए जूझना पड़ रहा है।सरकार की यह महत्वाकांक्षी योजना, जिसका उद्देश्य हर घर तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाना था, साहों पंचायत के दो वार्डों में पूरी तरह से विफल साबित हो रही है। यहां के ग्रामीण बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं, जिससे उनकी दैनिक दिनचर्या बुरी तरह प्रभावित हो रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जल आपूर्ति बंद होने के कारण उन्हें दूर-दराज से पानी लाना पड़ रहा है, जो कि गर्मियों में और भी मुश्किल हो गया है। पंचायत के मुखिया प्रतिनिधि प्रदीप यादव ने बताया कि पेयजल आपूर्ति बंद रहने को लेकर संबंधित अधिकारियों से कई बार शिकायतें की जा चुकी हैं, इसके बावजूद विभाग इस महत्वपूर्ण योजना को व्यवस्थित रूप से संचालित करने के प्रति संवेदनशील नहीं दिख रहा है। मुखिया प्रतिनिधि ने बताया कि विभागीय अधिकारियों की उदासीनता ग्रामीणों के लिए परेशानी का सबब बन गई है और वे एक स्थायी समाधान की उम्मीद में हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है ताकि साहों पंचायत में पेयजल आपूर्ति बहाल की जा सके और लोगों को इस भीषण जल संकट से निजात मिल सके।